नफरती टीचर बोली- मैं विकलांग हूं इसलिए बच्चों से लड़के को पिटवाया

नफरती टीचर बोली- मैं विकलांग हूं इसलिए बच्चों से लड़के को पिटवाया

उत्तर प्रदेश के मुज़फ़्फ़रनगर जिले के एक निजी स्कूल में महिला टीचर द्वारा एक बच्चे की अपनी क्लास में दूसरे बच्चों से पिटवाने का मामला तुल पकड़ लिया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियों में महिला कहती है....

उत्तर प्रदेश के मुज़फ़्फ़रनगर जिले के एक निजी स्कूल में महिला टीचर द्वारा एक बच्चे की अपनी क्लास में दूसरे बच्चों से पिटवाने का मामला तुल पकड़ लिया है। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियों में महिला कहती है- “मैंने तो डिक्लेयर कर दिया है जितने भी मोहम्मडन बच्चे हैं सबको यहां भेज दो…।” इसके बाद वह आगे बढ़ती हैं। फिर, जैसे ही एक बच्चा लड़के को मारने के बाद बैठता है, महिला टीचर उससे कहती हैं- “क्या तुम मार रहे हो? ज़ोर से मारो न (तुम उसे इतने हल्के से क्यों मार रहे हो? उसे ज़ोर से मारो)।” तभी वीडियो में मौजूद एक पुरुष; जिसका चेहरा नहीं दिखता, कहता है- “सही कह रहे हैं, इनकी पढ़ाई खराब हो।” यह कहकर वह ठहाका लगाता है। इस दौरान पीड़ित बच्चा फूट-फूट कर रो रहा होता है।

आगे तृप्ता त्यागी फिर पूछती है, “चलो और किसका नंबर है (किसकी बारी है)?” जैसे ही लड़का रोता है, टीचर कहती है- “अबकी बार कमर पे मारो…चलो…मुँह पे ना मारो अब मुँह लाल हो रहा है…कमर पे मारो सारे (उसकी कमर पर मारना शुरू करो…उसका चेहरा लाल हो रहा है, उसे मारो)।” इंडियन एक्सप्रेस ने लिखा है कि पूरे विवादित मामले पर टिप्पणी के लिए तृप्ता त्यागी उपलब्ध नहीं थी। हालांकि, टीचर की ओर से दूसरे वीडियो में कहा गया है कि वह बच्चा ठीक से पहाड़ा नहीं सुना पाया था। इसलिए उसने ये कृत्य किया। वीडियो में महिला ने अपना पक्ष रखा है जिसमें वह कहती दिखाई पड़ती है कि वीडियो के साथ छेड़-छाड़ किया गया है। वह ये भी कहती है कि चुंकि वह शारीरिक तौर पर विकलांग है इसलिए उसने क्लास के बच्चों से थप्पड़ मरवाए।

वहीं, कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खरगे, राहुल गांधी और प्रियंका गांधी, एआईएमआईएम नेता असदद्दुीन ओवैसी, आरएलडी नेता जयंत चौधरी समेत विपक्ष के कई नेताओं ने इस मामले को लेकर कड़ी प्रतिक्रिया दी और यूपी सरकार पर निशाना साधा है। इन तमाम नेताओं ने घटना को दो समुदायों में नफरत फैलाने वाला करार दिया है। खबरों के मुताबिक, विवाद बढ़ने के बाद राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने भी इस मामले का संज्ञान लिया। आयोग के अध्यक्ष प्रियांक कानूनगो ने कहा, “हमें जानकारी मिली कि उत्तर प्रदेश के मुज़फ़्फ़रनगर में एक ऐसी घटना सामने आई है जहाँ एक शिक्षक बच्चों को एक बच्चे को पीटने के लिए कह रहा है। संज्ञान लेकर कार्रवाई के निर्देश दिए जा रहे हैं। सभी से अनुरोध है कि बच्चे का वीडियो साझा न करें, ऐसी घटनाओं की जानकारी ईमेल से दें, बच्चों की पहचान उजागर करके अपराध का हिस्सा न बनें।”

एक बयान में मुजफ्फरनगर के पुलिस अधीक्षक (शहर) सत्यनारायण प्रजापत ने कहा, “आज मंसूरपुर पुलिस स्टेशन को एक वीडियो मिला जिसमें एक महिला शिक्षक एक कक्षा के छात्रों को गुणन सारणी (पहाड़ा) नहीं सीखने के लिए एक बच्चे को पीटने का आदेश दे रही थी। इसमें कुछ आपत्तिजनक टिप्पणियां भी थीं। जब हमने जांच की तो पाया कि महिला वीडियो में ‘घोषणा’ कर रही थी कि जब मोहम्मडन छात्र उनकी पढ़ाई पर ध्यान नहीं देते हैं तो वे खराब हो जाते हैं। बेसिक शिक्षा अधिकारी को सूचित कर दिया गया है और शिक्षक के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

संपर्क करने पर खतौली सर्कल अधिकारी डॉ. रविशंकर ने कहा कि स्कूल एक बड़े हॉल में चलाया जा रहा था और आरोपी शिक्षिक स्कूल की मालिक हैं। उन्होंने कहा, “तृप्ता त्यागी स्कूल की प्रमुख हैं। हम बच्चे के पिता को शिकायत दर्ज करने के लिए मनाने की कोशिश कर रहे हैं, उसके बाद हम एफआईआर दर्ज करा सकेंगे। आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।” स्थानीय पत्रकारों से पीड़ित बच्चे के पिता ने कहा कि वह अपने बच्चे को स्कूल नहीं भेजेंगे और न ही मामला दर्ज करने की योजना बना रहे हैं। उन्होंने कहा, “मैं अपने बच्चे को दोबारा उस स्कूल में नहीं भेजूंगा और जो फीस मैंने जमा की है वे मुझे वापस कर देंगे। समझौता हुआ कि कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई जाएगी। शिक्षक ने बच्चों के बीच दुश्मनी पैदा कर दी है।”

द इंडियन एक्सप्रेस अखबार के मुताबिक, मुजफ्फरनगर के बेसिक शिक्षा अधिकारी शुभम शुक्ला ने बताया कि उन्होंने स्कूल के प्रबंधन को एक पत्र लिखा है और उनकी प्रतिक्रिया मांगी है। उन्होंने कहा, “स्कूल कक्षा 1 से 5 तक के लिए नेहा पब्लिक स्कूल के नाम से पंजीकृत है। हम जांच करेंगे कि स्कूल किन मानकों का पालन कर रहा है और अगर कोई अनियमितता पाई गई तो कार्रवाई की जाएगी। वीडियो में साफ दिख रहा है कि टीचर बच्चों को एक बच्चे को पीटने के लिए उकसा रही है…स्कूल को 2019 में मान्यता मिली थी। हम जांच करेंगे कि क्या इसका नवीनीकरण किया गया था और क्या स्कूल सरकार द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार चलाया जा रहा था।

पुलिस के अनुसार, मुजफ्फरनगर में छात्र की पिटाई के मामले में टीचर के खिलाफ कार्रवाई की गई है। पीड़ित छात्र के पिता की शिकायत पर मंसूरपुर थाने में केस दर्ज हुआ है। पुलिस ने धारा 323, 504 के तहत एक्शन लिया है। इस मामले को लेकर पीड़ित छात्र ने कहा कि मैडम ने पिटाई करवाई थी, क्योंकि कुछ गलती कर दी थी मैंने। मुझे पहाड़ा याद नहीं था, इसलिए मुझे बच्चों से पिटवाया। बच्चों से कहा कि मुझे वो आके जोर जोर से मारें। एक घंटे तक मारते रहे मुझे।